तम्बाकू(Tobacoo) से होने वाले दुष्परिणाम रोग और कैसे छोड़ें॥Fitness Body Hman:-


तम्बाकू:-

तम्बाकू एक तरह का पौधा होता है। इसी पौधे की पत्तों से तम्बाकू बनाया जाता है। जिधर देखो लोग तम्बाकू खाते हैं और मुंह से निकाल के कहीं भी फेक देते हैं। इससे हमारे प्रयावरण और उस व्यक्ति पर भी असर पड़ते हैं। तम्बाकू एक तरह से ज़हर होता है। आज हम आपको बताएँगे की तम्बाकू से होने वाले दुष्परिणाम और साथ ही इससे होने वाले रोग क्या है। यह एक ज़हर है जिसे लोग एक बार खा ले तो रोज खाने कि लत लग जाते हैं। यह बहुत ही खतरनाक है। इसे खाने से दाँतो में काला पन आने लगते हैं। साथ ही दाँत और मसूड़े में बहुत ही छोटे छोटे कीड़े हो जाते हैं। जिससे दाँत कमजोर हो जाती है फिर जल्द ही दाँत टूटने लगते हैं। सिर्फ दाँत ही नहीं बल्कि तम्बाकू का सेवन करने से मुंह का कैंसर भी हो सकता है। जिससे इंसान की मृत्यू भी हो सकती है।


दोस्तों क्या आपको पता है की तम्बाकू कितने प्रकार के होते है? Do You know that How many types of Tobacoo? यदि आप नहीं जानते हैं तो हम आपको विस्तार पूर्वक बताने वाले हैं। कृपया आप पूरा पढ़ें हमारे पोस्ट को। कृपया कर के आप हमारे पोस्ट को बीच में ही छोड़ कर न जाएँ।

Then, Let’s Start…

तम्बाकू के प्रकार:-

खैनी, बीड़ी, गाँजा, चिलम, चैरट, ज़र्दा, सिगरेट, सिगार, हूक्का, हुकली, गुल, धूमटी, पान वाला तम्बाकू, गुटका, चुट्टा, सुरती, इत्यादि।

दोस्तों ये सब है तम्बाकू का प्रकार। जो बहुत ही खतरनाक है। लोग जानते हुवे भी इसका सेवन करते हैं। कोई तम्बाकू को खैनी कि तरह खाते हैं तो कोई आग से जला कर smoke करते है। अगर हाँ दोस्तो, अगर कोई व्यक्ति तम्बाकू छोडना चाहा तो या एक दिन या दो दिन के लिए ही सही तो उसका शरीर कांपने लगेगा और मस्तिस्क पर असर करेगा पर कुछ दिनो के लिए जब तक कि उसके मस्तिस्क से निकोटिन खतम न हो जाए। निकोटीन खतम होने के बाद वो व्यक्ति फिर से स्वस्थ हो जाएगा।

अगर तम्बाकू का सेवन करना नहीं छोडता है तो तम्बाकू खाने से उसके मुँह मे कैंसर हो जाएगा। और तम्बाकू को सिगरेट, गाँजा, बीड़ी, सिगार, इत्यादि जला कर पीनें से फेफड़े मे टार जम जाता है जो कैंसर का कारण बनता है।

अगर आप  सिगरेट से होने वाले हानियाँ पढ़ना चाहते हैं तो उस पर भी मैने Article बनाया है। वो आप Older Page पर Click कर के पढ़ सकते हैं।  

तम्बाकू के दुष्प्रभाव:- 

सिगरेट में भी तम्बाकू रहता है जिसे लोग निकोटिन कहते हैं। जब सिगरेट को जलाया जाता है तो मुँह कि ओर जाने वाली धुंवा कुछ नाक की ओर से बाहर निकलती है। जो नाक कि बाहरी परत को डेमेज करता है। तम्बाकू यानि सिगरेट से निकलने वाली धुंवा में कार्बन मोनो ऑक्साइड पाया जाता है। जो खून कि मात्रा को कम कर देती है। जिससे इंसान मृत्यू कि और बढ़नें लगते हैं। 


जो लोग गुटका तंबाकू खाते हैं उसके मुंह मे अनेक प्रकार की बीमारियाँ उत्पन्न होते हैं जैसे मुंह में सफ़ेद दाग, मुंह का ज्यादा नहीं खुल पाना, मुंह के अंदर फट जाना जो कैंसर का कारण बनता है। बीड़ी-सिगरेट पीने से हमारे शरीर में हजारो बीमारियाँ उत्पन्न होती है। अक्सर लोग सोचते हैं की अब मैं सिगरेट-बीड़ी या अन्य तंबाकू नहीं खाऊँगा पर जब तक मन से तंबाकू नहीं छोड़ोगे तब तक कभी नहीं छूटेगा। बीड़ी-सिगरेट से शरीर में व्यापक प्रभाव पड़ते हैं। इनके वजह से हृदय के धमनियों में रक्त प्रवाह कम हो सकते हैं। जिससे हृदय राग होने की संभावना बढ़ जाती है जैसे मायोकोर्डियल इंफ्राक्सन तथा अंजाइना हो सकते हैं। रक्तचाप बढ़ सकते हैं। और सांस की बीमारियाँ जैसे ब्रोंकाइटिस, दमा और फेफड़ों में कैंसर का कारण बनाता है।

लोग किशोरावस्था या अपने दोस्तों के साथ किसी पार्टी में पीते हैं और फिर रोज पीने लगते हैं जिससे वह नशे की आदि हो जाते हैं। इसी तरह वह मौत की मुंह मे चले जाते है। जब नशे को छोडने लगते हैं तो बेचेनी और गला घरघराहट होने लगते हैं मतलब बुख़ार। तो क्या इसका कोई उपाय नहीं हैं की तंबाकू कैसे छोड़े हमेशा के लिए।  

तंबाकू छोडने का उपाय:-

तंबाकू या सिगरेट से खुद को ही नहीं बल्कि वह अपने आस-पास या अपने ही परिवार को नशे की लत लगा रहें हैं। क्यूकी बच्चे जो भी देखते है वही चीज बच्चे भी करने लगते हैं। इसलिए जितना जल्दी हो सके आप नशा करना छोड़ दें। वेसे जब नशा छोडते हैं तो आपको बेचेनी तो होगी। इसलिए आप घर में सबको बता दें कि मैं नशा छोड़ रहा हूँ अगर कोई व्यक्ति नशा करता है तो कृपया मेरे सामने न करें। आप सारे नशीले प्रॉडक्ट बाहर फेंक दें। आप कोई अन्य काम में व्यस्त हो जाएँ और जब भी नशा करने का मन करे तो आप ज्यादा पानी पिये। आप किसी तरह मन को संभालें और तंबाकू (नशा) को बोले Good Bye…